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90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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देहरादून: देहरादून की सड़कों पर सुबह आठ बजे से रात 8 बजे तक ई-रिक्शा नजर नहीं आएंगे। 12 घंटे के लिए राजधानी की सड़कों पर ई-रिक्शा की एंट्री बैन कर दी गई है। पुलिस और परिवहन विभाग ने दून को ट्रैफिक के बढ़ते बोझ से निजात दिलाने के लिए ई-रिक्शा पर दिन में 12 घंटे के लिए बैन लगाने का फैसला लिया है। इस फैसले को परिवहन विभाग दून के हक में बता रहा है, लेकिन इसका विरोध करने वाले भी कम नहीं हैं। परिवहन विभाग के इस फैसले से दून के 6 हजार ई-रिक्शा चालकों की रोजी-रोटी खतरे में पड़ गई है। देहरादून में इस वक्त 35 हजार ई रिक्शा रजिस्टर्ड हैं, जबकि ढाई हजार ई-रिक्शा बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहे हैं। ई-रिक्शा संचालकों ने कहा कि मोदी सरकार पूरे देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने की बात कर रही है। उत्तराखंड सरकार ने खुद ई-रिक्शा संचालकों को ई-रिक्शा बांटे थे, अब उनके साथ नाइंसाफी की जा रही है।