उत्तराखंड में दिन दहाड़े ग्राम प्रधान की हत्या, बदमाशों ने कनपटी से सटाकर मारी गोली

बदमाशों ने ग्राम प्रधान की कनपटी से सटाकर गोली चला दी। इसके बाद ग्राम प्रधान लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े।
Advertisement हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम

पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।

Example Ads Media
उत्तराखंड न्यूज: ROORKEE GRAM PRADHAN MURDER
Image: ROORKEE GRAM PRADHAN MURDER

रुड़की: उत्तराखंड से एक खौफनाक वारदात की खबर सामने आई है। यहां दिनदहाड़े ग्राम प्रधान की गोली मारकर हत्या कर दी गई और इसके बाद हड़कंप मच गया। यह खबर उत्तराखंड के रुड़की के रामनगर कचहरी गेट के पास की है । बताया जा रहा है कि बाइक पर सवार दो बदमाशों ने नगला गांव के ग्राम प्रधान की गोली मारकर हत्या कर दी। अस्पताल ले जाते वक्त ग्राम प्रधान ने दम तोड़ दिया। पुलिस को जैसे ही इस बात की खबर लगी तो बड़ी संख्या में पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। बताया जा रहा है कि नगला के ग्राम प्रधान अपनी गाड़ी से कचहरी आए हुए थे। कचहरी में काम निपटाने के बाद जब वह अपनी गाड़ी की तरफ जा रहे थे तो उनके पास से बाइक पर सवार दो बदमाश गुजरे। बदमाशों ने ग्राम प्रधान की कनपटी से सटाकर गोली चला दी। इसके बाद ग्राम प्रधान लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। तुरंत ही बाइक पर सवार बदमाश मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मौके से एक खाली खोखा भी बरामद किया है।

यह भी पढ़ें - देहरादून: बाइक और तेज रफ्तार का जुनून, भीषण हादसे में दो युवकों की मौत..दो गंभीर
इस मामले में एक खबर यह भी सामने आ रही है कि पिछले साल ही ग्राम प्रधान का गांव के कुछ लोगों से विवाद हुआ था। उस दौरान दोनों पक्षों की तरफ से जमकर फायरिंग भी हुई थी। इस मामले में पुलिस ने ग्राम प्रधान को गिरफ्तार कर जेल भी भेजा था। पुलिस का कहना है कि 8 महीने पहले ही वह जेल से छूट कर बाहर आए थे। जिस जगह पर हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया वहां पर खून ही खून पढ़ा था। मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई और पुलिस ने किसी तरीके से भीड़ पर काबू पाया। जिस तरह से इस वारदात को अंजाम दिया गया है उससे पुलिस को शक है कि ग्राम प्रधान के आने से पहले ही बदमाशों द्वारा वहां की रेकी कर दी गई थी। पूरे प्लान के तहत ग्राम प्रधान की हत्या की गई। उधर गांव वालों का कहना है कि जब भी ग्राम प्रधान बाहर जाते थे यह तो उनके साथ एक या दो आदमी जरूर होते थे लेकिन उस दिन उनके साथ कोई भी मौजूद नहीं था। देखना है कि इस मामले में आगे क्या होता है और कब तक पुलिस अपराधियों को पकड़ कर सलाखों के पीछे डालती है।