उत्तराखंड में कई जिलों को मिल सकती है राहत, सतर्कता के साथ हो रही है बड़ी तैयारी

राज्य सरकार प्रदेश में सरकारी दफ्तरों का कामकाज धीरे-धीरे ढर्रे पर लाने की कोशिश में जुटी है। शुक्रवार को देहरादून में विधानसभा-सचिवालय के खुलने के साथ ही इसकी शुरुआत भी हो गई, अब जिलों में सरकारी दफ्तर खोलने की तैयारी है...
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Coronavirus Uttarakhand: Government work will start in uttarakhand districts soon
Image: Government work will start in uttarakhand districts soon

देहरादून: प्रदेश में लॉकडाउन 2.0 जारी है। राज्य सरकार कुछ समय पहले तक कोरोना फ्री जिलों में छूट देने की बात कह रही थी, लेकिन केंद्र सरकार की गाइड लाइन के चलते ऐसा हो नहीं पाया। लॉकडाउन में भले ही छूट ना मिली हो, लेकिन सरकार प्रदेश में सरकारी दफ्तरों का कामकाज धीरे-धीरे ढर्रे पर लाने की कोशिश में जुटी हुई है। शुक्रवार को देहरादून में विधानसभा सचिवालय के खुलने के साथ ही इसकी शुरुआत भी हो गई। 25 मार्च को हुए बजट सत्र के बाद ये पहला मौका था जबकि विधानसभा में कुछ चहल-पहल नजर आई। खबर है कि अब जिलों में भी सरकारी दफ्तरों को खोलने की तैयारी है। शासन ने जिलों में महकमों को अपनी मौजूदा व्यवस्थाओं का जायजा लेने के निर्देश दिए हैं। सरकार की पहली प्राथमिकता के बारे में भी आपको बताते हैं। राज्य सरकार ने शुरुआत में निर्माण कार्यों से जुड़े दफ्तरों को खोलने के इंतजाम किए हैं। हालांकि इस दौरान कोरोना वायरस संक्रमण ना फैले, इसका भी पूरा ध्यान रखा जाएगा। आगे जानिए शुरूआत में किन कामों पर फोकस हो सकता है।

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सचिवालय और विधानसभा के बाद सरकार अब विभागों के मुख्यालयों के निदेशालयों में कामकाज शुरू कराने पर विचार कर रही है। इसके बाद जिलों में महकमों को काम करने की इजाजत दी जाएगी। लॉकडाउन के चलते लंबे समय से सरकारी दफ्तरों में कामकाज ठप है। यही स्थिति रही तो आने वाले वक्त में विकास कार्यों की रफ्तार पर बुरा असर पड़ेगा। ऐसा ना हो इसके लिए राज्य सरकार औद्योगिक और निर्माण गतिविधियों को शुरू कराने की कोशिश में जुटी है। केंद्र की तरफ से इसकी मंजूरी भी मिल गई है। निर्माण कार्य शुरू कराते वक्त सुरक्षा मानकों का पूरा ध्यान रखा जाएगा। आने वाले वक्त में शहरी निकायों से लेकर पंचायतों में छोटे निर्माण कार्यों को भी मंजूरी मिल सकती है। प्रदेश में मनरेगा कार्यों को पहले ही मंजूरी मिल चुकी है। हालांकि राज्य में निर्माण कार्य शुरू कराना भी एक बड़ी चुनौती है, क्योंकि प्रदेश में निर्माण कार्य तभी होंगे जब सीमेंट, रेत, पत्थर, लोहा-बजरी और सेनेटरी की दुकानें खुलेंगी। राज्य सरकार ने इसके लिए गृह मंत्रालय को लेटर भेजा है। शासन ने सरकारी दफ्तरों में काम शुरू करने को लेकर जिलों से प्रस्ताव भी मांगा है। दफ्तरों में कामकाज को मंजूरी देने से पहले कोरोना संक्रमण की स्थिति पर नजर रखी जाएगी। सुरक्षा के इंतजाम पूरे होने के बाद ही कामकाज की अनुमति दी जाएगी।