पहाड़ में 12 घंटे भी नहीं टिक पाई सड़क ? गांव की बेटी ने खोली पोल..ये विडियो देखिये

देवर खडोरा क्षेत्र में बनी एक सड़क बनने के 12 घंटे बाद ही उखड़ कर हाथ में आने लगी। पहाड़ में सड़क निर्माण के नाम पर ऐसा घटिया मजाक कब तक चलेगा?
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New Road lasts 12 hours: New Road lasts 12 hours in Chamoli Uttarakhand
Image: New Road lasts 12 hours in Chamoli Uttarakhand

चमोली: पहाड़ में सड़कों का बुरा हाल है। कई गांवों में सड़कें हैं ही नहीं तो जहां सड़कें हैं भी वहां उनका होना ना होना बराबर है। क्षतिग्रस्त सड़कों की कोई सुध नहीं लेता। आम लोग शिकायत करते हैं तो अधिकारी सुनते नहीं। और अगर जनता के दबाव में सड़कें बनाई भी जाती हैं तो गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा जाता। फिर ठेकेदार इन्हीं क्षतिग्रस्त सड़कों को बार-बार बनाकर कमीशन खाते हैं। कमीशन के इस खेल में जनता ठगी जाती है। अब चमोली के घिंघराण में ही देख लें, यहां देवर खडोरा क्षेत्र में बनी एक सड़क बनने के 12 घंटे बाद ही उखड़ कर हाथ में आने लगी। पहाड़ की एक जागरूक बेटी ने गांव की बदहाल सड़क पर एक रिपोर्ट तैयार की है। इसका वीडियो आपको दिखाएंगे, पर सबसे पहले इस सड़क का हाल जान लेते हैं।

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देवर खडोरा गांव में बनी रोड बुरी तरह क्षतिग्रस्त थी। इसका डामरीकरण किया जाना था। कई महीनों के इंतजार के बाद जैसे-तैसे डामरीकरण शुरू हुआ, लेकिन काम में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जाने लगा। इसे लेकर गांव के लोग बिफर पड़े। लोगों ने नाराजगी जताई। अधिकारियों से शिकायत भी की। कहा कि काम में क्वालिटी मेंटेन रखो, वरना आगे का काम होने नहीं देंगे। गांव के लोग बताते हैं कि जब उन्होंने जेई और एई से शिकायत की तो उन्होंने कहा कि इस रोड के निर्माण पर बचा कमीशन सभी नेताओं और अधिकारियों को जाता है। ग्रामीणों के विरोध के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची। तब जैसे-तैसे डामरीकरण का काम पूरा कराया गया, लेकिन सड़क के हाल आप वीडियो में खुद ही देख लीजिए। रोड पर एक इंच मोटी डामरीकरण की परत बिछाई जानी थी, लेकिन सिर्फ पत्थर डाल दिए गए।

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कोलतार भी ढंग से नहीं लगाया गया, जिससे रोड पर बिछे पत्थर उखड़ने लगे हैं। कुल मिलाकर डामरीकरण के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति कर दी गई। देर शाम 7 बजे रोड का डामरीकरण हुआ और सुबह 7 बजे तक जगह-जगह से सड़क गायब थी। रोड उखड़ने लगी। हमारी अफसरों और जनप्रतिनिधियों से अपील है कि कम से कम सड़क निर्माण के नाम पर गांवों के साथ ऐसा मजाक तो मत करो। चलिए अब आपको सुहानी बिष्ट का वीडियो दिखाते हैं, जिसे उनके पिता धीरज सिंह बिष्ट ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया है। इस वीडियो के जरिए आप पहाड़ में बनी सड़क का हाल खुद ही देख लें। अगर आपके क्षेत्र में ऐसी ही सड़कें बन रही हों तो राज्य समीक्षा को बताएं। हम आपकी समस्याओं को मंच देने का प्रयास करेंगे, यही हमारा मकसद है।

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