उत्तराखंड- पहाड़ में दूर होगी डॉक्टरों की कमी, 772 पदों पर भर्ती शुरू

प्रदेश में जल्द ही 772 नए डॉक्टरों की तैनाती की जाएगी। जिससे दूरदराज के इलाकों में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत बनेंगी। इसके अलावा 2500 नर्सेज की भर्ती भी की जाएगी। आगे पढ़िए पूरी खबर
Advertisement चारधाम यात्रा 2026 पैकेज बुकिंग शुरू! ये ऑफर मिस किया तो पछताओगे

चारधाम यात्रा 2026 का सबसे सस्ता पैकेज? कीमत जानकर चौंक जाएंगे!

Example Ads Media
अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज: recruitment of doctors started in uttarakhand
Image: recruitment of doctors started in uttarakhand

अल्मोड़ा: स्वास्थ्य सेवाओं की कमी से जूझ रहे उत्तराखंड के लिए एक उम्मीद भरी खबर है। प्रदेश में जल्द ही 772 नए डॉक्टरों की तैनाती की जाएगी। इससे दूरदराज के इलाकों में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत बनेंगी। डॉक्टर न होने की वजह से गांव के लोगों को इलाज के लिए शहर नहीं दौड़ना पड़ेगा। बुधवार को सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत दो दिवसीय दौरे पर अल्मोड़ा पहुंचे। इस दौरान उन्होंने अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी दूर करने समेत कई बड़े ऐलान किए। सीएम ने अल्मोड़ा जिले को 150 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं की सौगात दी। उन्होंने करोड़ों की विकास योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया।

यह भी पढ़ें - देहरादून- प्रॉपर्टी के लिए कलयुगी बेटे ने बुजुर्ग मां को मार डाला, पत्नी संग गिरफ्तार
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की भी बात कही। उन्होंने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराना बड़ी चुनौती है। इससे पार पाने के लिए 772 नए चिकित्सकों की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। स्वास्थ्यकर्मियों की कमी दूर करने के लिए 2500 नर्सेज की भर्ती भी की जाएगी। इसके अलावा 132 नई एंबुलेंस खरीदी जा रही हैं। हल्द्वानी में राज्य के पहले सरकारी सुपर स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल को मंजूरी दे दी गई है। अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज में इसी सत्र से पढ़ाई शुरू करा दी जाएगी। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने सल्ट दौरे के बाद प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया

यह भी पढ़ें - 30 जनवरी से होंगे गढ़वाल विवि के री-एक्जाम... देखिए डेटशीट
सर्किट हाउस में हुई प्रेस कांफ्रेंस में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में अब तक 2400 डॉक्टर नियुक्त किए जा चुके हैं। इनमें से कई डॉक्टर्स ने अभी तैनाती नहीं ली है। मार्च तक प्रदेश को 700 से ज्यादा नए डॉक्टर मिल जाएंगे। साथ ही आशा कार्यकर्ताओं के लिए प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर 18 हजार रुपये कर दिया गया है। मेडिकल कॉलेजों में स्थाई फैकल्टी हमारी बड़ी उपलब्धि है। अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज में सौ, हल्द्वानी और श्रीनगर में 150-150 और देहरादून में 200 सीटें कर दी गई हैं। प्रदेश के 45 ब्लड बैंक ऑनलाइन कर दिए गए हैं। इसके अलावा 26 अस्पतालों में ऑक्सीजन पाइप का जाल बिछाया जा चुका है। राज्य के सभी जिला चिकित्सालयों में अब आईसीयू की सुविधा मिलेगी। राज्य सरकार का उद्देश्य अंतिम गांव तक बेहतर स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराना है।