आरोप है कि पिता ने पैसों के लालच में बच्ची की शादी देहरादून के रहने वाले एक युवक से करा दी। शादी के बाद बच्ची के साथ दरिंदगी का सिलसिला शुरू हो गया। पढ़िए पूरी खबर
-
Komal Negi
-
Advertisement
Cheapest Chardham Yatra 2026 Package? The Price Will Shock You!
Planning Chardham in 2026? These 5 Packages Are Getting Booked Fast
Example Ads Media
Image: Father sold his daughter in Chamoli
चमोली: बाल विवाह अपराध है। देश में बाल विवाह रोकने के लिए कड़े कानून बने हैं, लेकिन ये कुरीति खत्म नहीं हो रही। इस बार चमोली की रहने वाली 14 साल की बच्ची इस कुरीति का शिकार बनी। आरोप है कि पिता ने पैसों के लालच में बच्ची की शादी देहरादून के रहने वाले एक युवक से कर दी। शादी के बाद बच्ची के साथ दरिंदगी का सिलसिला शुरू हो गया। पीड़ित नाबालिग 8वीं कक्षा में पढ़ती है। उसकी शादी और शारीरिक-मानसिक प्रताड़ना के बारे में शायद हमें कभी पता नहीं चलता, लेकिन एक जागरूक शिक्षक की वजह से इस घटना का खुलासा हो गया। लोगों को पहाड़ में शादी के नाम पर बच्चियों पर होने वाले अत्याचारों के बारे में पता चला। इसी के साथ बच्ची को इंसाफ दिलाने की मुहिम भी शुरू हो गई है। चलिए पूरा मामला बताते हैं। चमोली के पोखरी तहसील में एक गांव है खत्री। यहां बनखुरी में रहने वाली 14 साल की नाबालिग 8वीं में पढ़ती है। वो राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय हरिशंकर में पढ़ाई कर रही है। कोरोना काल के बाद जब स्कूल खुला तो ये बच्ची स्कूल नहीं आई। आगे पढ़िए
यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: 5 साल पहले अर्द्धकुम्भ में खोई मां महाकुंभ में मिली..परिवार मे कहा-चमत्कार
जिसके बाद शिक्षक उपेंद्र सती ने छात्रा को ढूंढना शुरू किया। इस दौरान पता चला कि पिता ने कुछ रुपयों के लालच में एक 25 वर्षीय युवक से छात्रा की शादी करा दी है। युवक देहरादून में रहता है। ये भी पता चला कि शादी के कुछ ही दिन बाद युवक ने बच्ची की पिटाई शुरू कर दी। शिक्षक ने जब छात्रा की तलाश शुरू की तो वो अपने मायके में मिली। उसने पढ़ाई जारी रखने से भी इनकार कर दिया था। शिक्षक ने छात्रा की पढ़ाई का पूरा खर्चा उठाने का भरोसा दिया, तब कहीं जाकर डरी-सहमी बालिका बड़ी मुश्किल से तैयार हुई। इस मामले में शिक्षक उपेंद्र सती ने एक वीडियो संदेश भी जारी किया है। जिसमें उन्होंने पहाड़ में ऐसे कई मामले सामने आने की बात कही है। वहीं मामला सोशल मीडिया में वायरल होने पर जिला बाल विकास कल्याण समिति ने गांव जाकर किशोरी और उसके पिता के बयान दर्ज किए। राजस्व उपनिरीक्षक ने बताया कि मामले में कार्रवाई की जा रही है। एसडीएम वैभव गुप्ता ने भी मामले में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की बात कही है।