उत्तराखंड: यहां व्यापारियों ने खुद ही लगा दिया 16 मई तक लॉकडाउन..बंद रहेंगे बाजार

व्यापारियों ने कहा कि लॉकडाउन के चलते व्यापार में होने वाला नुकसान सहा जा सकता है, लेकिन कोरोना से समाज को होने वाला नुकसान नहीं सहा जा सकता। इसलिए घाटी में बाजार 16 मई तक बंद रहेंगे।
Advertisement Best Hidden Treks in Kedar Himalaya for True Mountain Lovers

A chance to reconnect with nature and inner peace. Treks in Kedar Himalaya that stay with you for a lifetime.

Example Ads Media
Yamuna Valley Lockdown: Lockdown till 16 May in Yamuna Valley
Image: Lockdown till 16 May in Yamuna Valley

उत्तरकाशी: उत्तरकाशी का यमुनाघाटी क्षेत्र....यहां 11 से 16 मई तक पूरी तरह लॉकडाउन रहेगा। बाजार नहीं खुलेंगे, दुकानें भी बंद रहेगी। वजह है कोरोना का बढ़ता संक्रमण। उत्तरकाशी उन पहाड़ी जिलों में शामिल है, जहां कोरोना संक्रमण के मामले बेतहाशा बढ़े हैं। अकेले यमुनाघाटी क्षेत्र में वर्तमान में 20 कंटेनमेंट जोन हैं। अब संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए यहां के व्यापारियों ने एक सराहनीय कदम उठाया है। व्यापारियों ने क्षेत्र में पांच दिवसीय संपूर्ण लॉकडाउन की घोषणा की है। नगर व्यापार मंडल बड़कोट के पदाधिकारियों ने इस संबंध में प्रशासन को सूचित कर दिया है। व्यापारियों ने कहा कि कोविड संक्रमण की स्थिति बहुत विकराल हो चुकी है। इसलिए जनहित में लॉकडाउन का निर्णय लिया गया है। प्रशासन ने भी व्यापारियों के इस फैसले का स्वागत करते हुए हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड सरकार सख्त..सीमाएं सील करने की तैयारी, लिए जा सकते हैं बड़े फैसले
नगर व्यापार मंडल बड़कोट के फैसले के बाद अब यमुनाघाटी के बड़कोट, नौगांव, बर्नीगाड़ सहित पुरोला के नगर क्षेत्र और ग्रामीण क्षेत्रों में अगले पांच दिनों तक दुकानें पूरी तरह बंद रहेंगी। व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजाराम जगूड़ी ने कहा कि क्षेत्र में हालात बिगड़ रहे हैं। बर्नीगाड़ के एक व्यापारी साथी को भी हम खो चुके हैं। समाज के प्रति हमें भी अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। यही वजह है कि जिला कार्यकारिणी से विचार विमर्श कर सभी व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने लॉकडाउन का निर्णय लिया है। आपको बता दें कि यमुनाघाटी में सीमांत सुक्की गांव, चामकोट, नई खालसी माड़, छोटी मणि, बड़ी मणि, डंडाल गांव, उपराड़ी, राजगढ़ी और बर्निगाड़ समेत कई गांव कंटेनमेंट जोन बनाए गए हैं। शादी समारोह में भीड़ जुटने से रोकने के लिए कड़े कदम उठाए जा रहे हैं। संक्रमण रोकथाम के लिए अब व्यापारियों ने भी सराहनीय कदम उठाया है। एसडीएम ने भी व्यापारियों के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि यमुनाघाटी के सभी बड़े बाजार बंद रहेंगे तो लॉकडाउन का असर गांव तक रहेगा। उन्होंने व्यापारियों को पूर्ण सहयोग का आश्वासन भी दिया है।