उत्तराखंड में कोरोना रिटर्न्स, मसूरी के बाद नैनीताल में दो पर्यटक पॉजिटिव..वापस भेजे गया

पुलिस बॉर्डर पर सघन चेकिंग के दावे कर रही है, लेकिन बीते दिन शहर में दो पर्यटकों के कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद इस दावे की हकीकत भी सामने आ गई। आगे जानिए पूरा मामला
Advertisement Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand

Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.

Example Ads Media
Coronavirus in uttarakhand: two tourists coronavirus positive in nainital
Image: two tourists coronavirus positive in nainital

नैनीताल: जिस बात का डर था, वही हुआ। नियमों को ताक पर रख उत्तराखंड घूमने आ रहे पर्यटक अपने साथ कोरोना का खतरा भी ले आए हैं। दूसरे राज्यों से बिना कोरोना जांच कराए उत्तराखंड पहुंच रहे पर्यटक कोरोना पॉजिटिव मिल रहे हैं। मामला नैनीताल का है। जहां हरियाणा से आए दो पर्यटक कोरोना संक्रमित पाए गए। दोनों को एंबुलेंस से वापस भेज दिया गया। प्रदेश सरकार ने कोरोना संक्रमण रोकथाम के लिए पर्यटकों के लिए सख्त नियम लागू किए हैं, लेकिन लोग मान नहीं रहे। कई पर्यटक बिना आरटीपीसीआर रिपोर्ट के उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। ऐसे लोगों की रैंडम सैंपलिंग की जा रही है। गुरुवार को नैनीताल में स्वास्थ्य विभाग की टीम लोगों की रैंडम जांच कर रही थी। इस दौरान दो पर्यटक कोरोना संक्रमित निकल आए। ये दोनों हरियाणा के पलवल क्षेत्र के रहने वाले हैं।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: UP-बिहार से फर्जी रिपोर्ट लेकर मसूरी आ रहे थे लोग, 13 गिरफ्तार..ऐसी गलती मत करना
स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि बीडी पांडे अस्पताल की टीम तल्लीताल डांठ पर कैंप लगाकर पर्यटकों की जांच कर रही थी। इस दौरान 23 पर्यटकों की जांच हुई। जिसमें से हरियाणा, पलवल निवासी एक पुरुष और एक महिला की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव पाई गई। दोनों संक्रमितों को एंबुलेंस से वापस भेज दिया गया है। बता दें कि मसूरी और नैनीताल समेत प्रदेश के ज्यादातर पर्यटक स्थलों पर इन दिनों खूब भीड़ उमड़ रही है। कोविड के सख्त नियम लागू होने बाद लोग फर्जी कोरोना जांच रिपोर्ट लेकर उत्तराखंड आने लगे हैं। ऐसे लोगों की लापरवारी के चलते कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा फिर से बढ़ गया है। पुलिस दावे कर रही है कि बॉर्डर पर सघन चेकिंग की जा रही है। बिना रिपोर्ट पहुंच रहे लोगों को वापस भेजा जा रहा है, लेकिन गुरुवार को इस दावे की हकीकत भी सामने आ गई। कोरोना पॉजिटिव पर्यटक शहरभर में खुलेआम घूम रहे थे। अगर इनकी रैंडम सैंपलिंग न हुई होती तो इनके संपर्क में न जाने कितने लोग आते। पर्यटक स्थलों पर उमड़ रही भीड़ कोरोना की तीसरी लहर का संकेत देने लगी है, इसलिए सावधान रहें।