यूक्रेन से उत्तराखंड पहुंची आकांक्षा, अदिति, निशा और आयुषी..नम हुई परिजनों की आंखें

यूक्रेन और रूस के बीच चल रही लड़ाई के बीच 250 भारतीय छात्रों को इंडियन एंबेसी ने सुरक्षित रोमानिया पहुंचाया और इसके बाद छात्रों को वहां से एयरलिफ्ट किया गया।
Advertisement 90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स

प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

Example Ads Media
ukrain uttarakhand students: Akanksha Aditi Nisha and Ayushi returned from Ukraine
Image: Akanksha Aditi Nisha and Ayushi returned from Ukraine

टिहरी गढ़वाल: जंग के बीच यूक्रेन में फंसे उत्तराखंडी छात्रों के परिजन बेहद परेशान हैं। अपने लाडलों की चिंता में घुल रहे माता-पिता कई दिनों से खाना तक नहीं खा पा रहे। इस बीच राहत की बात ये है कि छात्रों के वतन वापसी का सिलसिला शुरू हो गया है। श्रीनगर शहर की आकांक्षा कुमारी और रोहित वर्मा यूक्रेन के चेर्नवित्सी शहर में स्थित बूकोवियान स्टेट मेडिकल यूनिवर्सिटी से मेडिकल की पढ़ाई कर रहे हैं। आकांक्षा के सुरक्षित पहुंच जाने पर परिजनों ने भी राहत की सांस ली। उन्होंने बताया कि आकांक्षा शुक्रवार को आने वाली थी, लेकिन हवाई अड्डों के युद्ध से प्रभावित होने और यातायात की समस्या होने की वजह से यात्रा रद्द हो गई थी। अभिभावक बेहद भावुक नजर आए आपको बता दें रूस ने जैसे ही यूक्रेन पर हमला किया उसके बाद से लगातार उत्तराखंड समेत पूरे देश भर के राज्यों ने केंद्र सरकार पर दबाव बनाया क्योंकि राज्यों से फंसे बच्चों को वहां से निकाला जाए। इजिसके बाद केंद्र सरकार की कोशिशों के बाद पोलैंड, रोमेनिया के रास्ते तमाम बच्चों को बाहर निकाला जा रहा है। इस बीच श्रीनगर गढ़वाल की आकांक्षा, टिहरी गढ़वाल की अदिति कंडारी,ऋषिकेश की निशा और आयुषी भी उत्तराखंड पहुंच चुकी हैं। इसी तरह रोहित को भी शुक्रवार को भारत आना था, लेकिन बुकिंग रद्द हो गई। बहरहाल यूक्रेन और रूस के बीच चल रही लड़ाई के बीच 250 भारतीय छात्रों को इंडियन एंबेसी ने सुरक्षित रोमानिया पहुंचाया और इसके बाद छात्रों को वहां से एयरलिफ्ट किया गया।