हरीश रावत, पुष्कर सिंह धामी, कर्नल अजय कोठियाल…ये तीनों ही सीएम फेस थे और तीनों ही हार गए
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अनुष्का ढौंडियाल
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Image: Pushkar Singh Dhami Harish Rawat Col Ajay Kothiyal lost the election
देहरादून: उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में भाजपा की बहुमत के साथ जीत लगभग तय ही है।
Uttarakhand Assembly Election Result 2022
उत्तराखंड के इतिहास में पहली बार ऐसा होने जा रहा है कि कोई पार्टी लगातार दूसरी बार प्रदेश में सरकार बनाएगी। लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि तीनों ही पार्टियों के सीएम से बुरी तरह चुनाव हार गए हैं। चाहे वह आम आदमी पार्टी के कर्नल अजय कोठियाल हों, कांग्रेस पार्टी के हरीश रावत हों या फिर भारतीय जनता पार्टी के पुष्कर सिंह धामी। तीनों ही सीएम कैंडिडेट्स को चुनावों में बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा है। आपको बता दें कि उत्तराखंड में अब तक हुए चार विधानसभा चुनावों का इतिहास दो दशक पुराना है। उत्तराखंड में पिछले चार चुनावों में बारी-बारी से कांग्रेस और भाजपा सत्ता पर रही हैं लेकिन किसी भी पार्टी ने लगातार दूसरी बार कुर्सी हासिल नहीं की। 2002 के चुनाव में कांग्रेस ने सरकार बनाई तो 2007 में भाजपा ने। इसके बाद 2012 में फिर कांग्रेस सत्ता में आई तो 2017 में फिर भाजपा ने प्रदेश में सरकार बनाई। 2022 में एक बार फिर भाजपा सरकार बनाने जा रही है। मगर हैरानी की बात यह है कि इस बार के चुनावों में तीनों ही मुख्य पार्टियों के सीएम फेस अपनी-अपनी विधानसभाओं में बुरी तरह हार गए हैं।
Pushkar Singh Dhami lost from Khatima seat
सबसे पहले बात करते हैं मौजूदा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की जिनके हाथ निराशा लगी है। उनको खटीमा विधानसभा सीट से करारी हार का सामना करना पड़ा है। उनको कांग्रेस के भुवन कापड़ी ने छह हजार से ज्यादा वोटों से हराया है। इसके बाद अब फिर प्रदेश के मुख्यमंत्री बदले जाएंगे। उनको हराने वाले भुवन चंद कापड़ी युवा नेता हैं और उत्तराखंड के कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष हैं। युवाओं के बीच लोकप्रिय भुवन चंद कापड़ी उत्तराखंड यूथ कांग्रेस के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। वह उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस में जनरल सेक्रेटरी के पद पर भी रह चुके हैं। उन्होंने 2017 के विधानसभा चुनाव में पुष्कर सिंह धामी को कड़ी टक्कर दी थी लेकिन महज 2,709 वोट से हारे गए थे। इस बार कांग्रेस के भुवन चंद कापड़ी ने सीएम पुष्कर सिंह धामी को हराकर खटीमा में ऐतिहासिक जीत दर्ज की है।
Harish Rawat lost from Lalkua seat
कांग्रेस और हरदा के समर्थकों को भी एक बड़ा झटका लगा है क्योंकि हरदा को इस बार हार का सामना करना पड़ा है। लालकुंआ सीट पर बीजेपी के मोहन सिंह बिष्ट की जीत हुई है। इस चुनाव में कांग्रेस हरदा की में चुनाव लड़ रही थी। हरदा 14 हजार से ज्यादा वोटों से चुनाव हार गए हैं। हरदा से उम्मीदें ज्यादा इसलिए भी थीं क्योंकि वे कांग्रेस के सीएम फेस थे और सबसे अनुभवी नेता भी थे। इस हार को उत्तराखंड में हरीश रावत के राजनीतिक करियर का दी एंड ही माना जाएगा।
Colonel Ajay Kothiyal lost from Gangotri seat
अब आते हैं गंगोत्री से आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी और सीएम कैंडिडेट कर्नल अजय कोठियाल जिनको बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा है। इस बार आम आदमी पार्टी का जादू उत्तराखंड में नहीं चल पाया और आम आदमी पार्टी को उत्तराखंड में बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा। यहां पर कर्नल अजय कोठियाल को मात्र 6,166 वोट मिले हैं। गंगोत्री में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी सुरेश सिंह चौहान ने 29,619 वोट अर्जित करके ऐतिहासिक जीत दर्ज की है तो वहीं कांग्रेस के विजय पाल सिंह के हिस्से भी 21,590 सीटें आई हैं। ऐसे में यहां पर भी मुकाबला भाजपा और कांग्रेस के बीच में रहा और आम आदमी पार्टी आस-पास भी फटकती हुई दिखाई नहीं दी।