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ये ट्रेक्स गूगल मैप पर भी नहीं मिलेंगे! केदार हिमालय के छुपे हुए रास्ते
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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यहां एक दिव्यांग बुजुर्ग का शव उसके ही बंद कमरे में मिला है। बुजुर्ग का शव चार दिनों से बंद घर में पड़ा था जिससे घर में बदबू आने लगी जिस पर लोगों ने पुलिस को फोन किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों के साथ जब दरवाजा खोला तो सामने बिस्तर पर बुजुर्ग का शव पड़ा था। पहली नजर में ये बिमारी से मौत का मामला लग रहा है। फिलहाल आगे की जांच की जा रही है। मूल रूप से लमगड़ा क्षेत्र निवासी 70 वर्षीय शेर राम यहां ढूंगाधारा में रहते थे। वह पैरों से दिव्यांग भी थे। पास में ही उनका पुत्र और बहु भी दूसरे भवन में रहते थे। कुछ दिनों से पुत्र कहीं बाहर काम से गया हुआ था। बीते करीब चार जुलाई से बुजुर्ग दिखाई नहीं दे रहे थे।
वहीं बीते मंगलवार की देर शाम आस-पास के लोगों को बुजुर्ग के घर से सड़ने, गलने की गंध आई। लोगों ने काफी दरवाजा खटखटाया, लेकिन किसी ने अंदर से दरवाजा नहीं खोला। लोगों को जब शक हुआ तो सुबह पुलिस को मामले की सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा खोलकर देखा तो।पुलिस के होश उड़ गए। शेर राम अपने बिस्तर पर मृत अवस्था में पड़े हुए थे। मौत कुछ दिन पहले ही हो चुकी थी। बताया जा रहा है कि पड़ोस में ही उसकी बहु भी रहती है। कोतवाल अरुण कुमार ने बताया कि बुजुर्ग बीमार थे, बीमारी के चलते मौत होने की संभावना है। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।