Advertisement
No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.
Example Ads Media
यहां यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर बन रही सुरंग के भीतर भूस्खलन हुआ है। घटना के वक्त यहां कई मजदूर काम कर रहे थे। अभी तक 40 मजदूरों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि इस बारे में अभी ये साफ-साफ पता नहीं चल सका है कि घटना के वक्त कुल कितने मजदूर सुरंग में काम कर रहे थे। कंपनी की ओर से मलबे को हटाने का कार्य किया जा रहा है। एसडीआरएफ और अन्य बचाव दल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए है। मौके पर पांच 108 एंबुलेंस तैनात की गई हैं। जिला आपदा प्रबंधन उत्तरकाशी ने इसकी पुष्टि की है। जानकारी के अनुसार हादसा रविवार सुबह 5 बजे हुआ। सिलक्यारा की ओर सुरंग के द्वार से 200 मीटर की दूरी पर यह भूस्खलन हुआ है। आगे पढ़िए
जो मजदूर काम कर रहे थे वो वाहन द्वार के 2800 मीटर अंदर हैं। बता दें कि यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर सिलक्यारा से डंडालगांव तक सुरंग बनाई जा रही है, जिसकी लंबाई 4.5 किमी है, 4 किमी तक निर्माण पूरा कर लिया गया है। इस सुरंग का निर्माण ऑलवेदर रोड प्रोजेक्ट के तहत हो रहा है। एडीजी कानून व्यवस्था एपी अंशुमान ने बताया कि अभी किसी की मृत्यु की सूचना नहीं है। बचाव टीमें मौके पर पहुंची हुई हैं, सुरंग से मलबा हटाने का काम जारी है। सुरंग (Uttarkashi Tunnel Landslide) का निर्माण एनएचआईडीसीएल के निर्देशन में नवयुगा कंपनी कर रही है। ईश्वर करे कि सुरंग में फंसे सभी लोग सुरक्षित हों। आप भी श्रमिकों की सलामती के लिए प्रार्थना करें। राज्य समीक्षा टीम खबर पर बनी हुई है। हम खबर से जुड़े अपडेट आप तक पहुंचाते रहेंगे।