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देहरादून: राज्य के प्रांतीय रक्षक दल के 9400 स्वयं सेवकों का 80 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से मानदेय बढ़ाया गया है। अब उन्हें 570 की जगह प्रतिदिन 650 रुपये मानदेय मिलेगा। साथ ही प्रदेश में पहली बार पीआरडी के लिए मृतक कोटे से नौकरी की व्यवस्था की गई।
उत्तराखंड सरकार में पीआरडी स्वयंसेवक विभिन्न विभागों में अपनी सेवाएं प्रदान करते रहते हैं। इस दौरान पीआरडी जवानों ने लगातार अपनी कई मांगों को राज्य सरकार के समक्ष प्रस्तुत किया है। विभागीय मंत्री रेखा आर्या ने जानकारी देते हुए बताया कि पीआरडी जवानों के मानदेय में 80 रुपये प्रतिदिन की वृद्धि की गई है और इसका शासनादेश जारी कर दिया गया है। रेखा आर्या ने बताया कि पहले पीआरडी स्वयंसेवकों को प्रतिदिन 570 रुपये मानदेय मिलता था, जो अब 80 रुपये की वृद्धि के साथ 650 रुपये प्रतिदिन हो गया है। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का धन्यवाद और आभार प्रकट किया है।
विभागीय मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि हमारे पीआरडी स्वयंसेवक विभिन्न विभागों में अपनी सेवाएं देने के साथ-साथ कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में भी काम करते हैं। इसलिए राज्य सरकार पीआरडी जवानों के हितों की सुरक्षा के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार पीआरडी स्वयंसेवकों के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। राज्य में पहली बार पीआरडी के लिए मृतक आश्रित कोटे से नौकरी की व्यवस्था की गई है। दिव्यांग आश्रितों को भी इसका लाभ मिल रहा है। मुख्य बात यह है कि पिछले पाँच सालों से नौकरी के दौरान मृत्यु या दिव्यांगता का सामना करने वाले जवानों के आश्रितों को भी इसका लाभ दिया जा रहा है।