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Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
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खटीमा: हाथरस में हुई घटना ने कई परिवारों को उजाड़ दिया, बाबा राजिंदर कालिया की तलाश के लिए पुलिस टीम हर जगह दबिश दे रही है। खटीमा की 40 वर्षीय द्रोपदी भी यहाँ बाबा के सत्संग में शामिल होने गई थी लेकिन भगदड़ में उसकी भी जान चली गई।
हाथरस हादसे में मारे गए लोगों में 100 से अधिक की जान गई हैं जिसमे सबसे अधिक महिलाएं थी। इस सत्संग में हुई मौत का मातम पूरे देशभर में छा गया है। इस दुखद घटना के गुनहगार की तलाश की जा रही है। आखिर किसकी गलती से इतना बड़ा हादसा हुआ है? पुलिस की तरफ से भी एफआईआर दर्ज हो चुकी है और पुलिस सारे पहलुओं की जांच कर रही है।
मिली जानकारी के अनुसार खटीमा के मोहम्मदपुर भुड़िया थारुपट्टी निवासी द्रोपदी पत्नी करम सिंह अपने परिवार एवं गांव के लोगों के साथ बस से हाथरस में हुए सत्संग में शामिल होने गई थी। भगदड़ के दौरान उसकी भी मृत्यु इस हादसे में हुई और बिना पोस्टमार्टम किए परिवार और गाँव के लोग उसके शव को वापस लाए, जिसके बाद से परिवार में कोहराम मच गया। बुधवार को परिजनों ने मृतका का अंतिम संस्कार किया गया।