Advertisement
ये ट्रेक्स गूगल मैप पर भी नहीं मिलेंगे! केदार हिमालय के छुपे हुए रास्ते
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
Example Ads Media
चमोली: अब बदरीनाथ धाम में 25 वर्षीय सूर्यराग को नया नायब रावल नियुक्त किया गया है। बीकेटीसी ने टिहरी रियासत के राज परिवार की सहमति से नायब रावल के खाली पद पर सूर्यराग के चयन की पुष्टि की है।
नवनियुक्त नायब रावल सूर्यराग ने शुक्रवार को देहरादून पहुंचने के बाद बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय से मुलाकात की। शनिवार को वे बदरीनाथ धाम पहुंचकर नायब रावल के पद का कार्यभार ग्रहण करेंगे। रावल ईश्वर प्रसाद नंबूदरी की स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति के बाद बीकेटीसी ने अमरनाथ केवी नंबूदरी को रावल पद पर पदोन्नत किया था, जिससे नायब रावल का पद खाली हो गया था। इस पद के लिए चयन प्रक्रिया के तहत बीकेटीसी ने केरल से इच्छुक उम्मीदवारों से आवेदन आमंत्रित किए और साक्षात्कार के आधार पर सूर्यराग को चुना। बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने उन्हें बधाई दी और नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं।
बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर एक्ट 1939 के तहत नायब रावल के पद पर नियुक्ति का अधिकार टिहरी के महाराजा को सौंपा गया है। इसी के तहत बीकेटीसी ने टिहरी रियासत के महाराजा मनुजयेंद्र शाह से सहमति प्राप्त कर नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की। साक्षात्कार बोर्ड में राज परिवार द्वारा नामित एक प्रतिनिधि को भी शामिल किया गया। नायब रावल पद पर नियुक्ति के लिए दक्षिण भारत के केरल राज्य से नंबूदरी ब्राह्मणों का चयन किया जाता है और वे ही पदोन्नति प्राप्त कर बदरीनाथ धाम के रावल बनते हैं।