स्वास्थ्य सेवाओं की जनपदवार करें समीक्षा अधिकारी, डॉ. धन सिंह रावत ने चिकित्सा विभाग में अनुपस्थित चल रहे चिकित्सकों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने और स्टॉफ की बायोमेट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिये है।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Biometric attendance mandatory in every hospital of Uttarakhand
देहरादून: चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने शासकीय आवास पर चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग की संयुक्त बैठक ली। जिसमें उन्होंने विभागीय अधिकारियों को स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण को लेकर ठोस कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिये। उन्होंने जनपदवार राजकीय चिकित्सालयों में चिकित्सकों एवं अन्य मेडिकल स्टॉफ का गैप एनालिसिस करने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दिये, जिसकी रिपोर्ट एक माह के भीतर शासन को उपलब्ध कराने को कहा।
Biometric attendance mandatory in every hospital of Uttarakhand
धन सिंह रावत ने स्वास्थ्य सेवाओं के सुधारीकरण के दृष्टिगत जनपदवार समीक्षा की जायेगी। जिसकी रिपोर्ट एक माह के भीतर शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं। स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में लम्बे समय से अनुपस्थित चल रहे चिकित्सकों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने तथा प्रत्येक चिकित्सा इकाईयों में चिकित्सकों समेत मेडिकल कार्मिकों व अन्य स्टॉफ की बायोमेट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिये है। डॉ. रावत ने स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में लम्बे समय से गैरहाजिर चल रहे चिकित्सकों के विरूद्ध बर्खास्तगी की कार्यवाही के निर्देश भी दिये।
बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य
इसके अलावा विभागीय अधिकारियों को प्रत्येक राजकीय चिकित्सा इकाई में चिकित्सकों, नर्सिंग अधिकारियों, फार्मासिस्टों, मेडिकल स्टॉफ सहित अन्य स्टॉफ की उपस्थिति सुचिश्चित करने के लिये बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य रूप से लगाने के निर्देश दिये। उन्होंने का कि बयोमेट्रिक उपस्थिति के आधार पर ही कार्मिकों का वेतन आहरित किया जायेगा। बैठक में उप जिला अस्पतालों की डीपीआर शीघ्र तैयार कर शासन को उपलब्ध कराने को अधिकारियों को निर्देशित किया गया।
बिना इजाजत पढ़ाई करने वालों पर भी कार्रवाई
स्वस्थ्य मंत्री ने विभागीय अनुमति के बिना पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई करने गये चिकित्सकों के खिलाफ भी कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने कहा कि एक तरफ सरकार चिकित्सालयों में चिकित्सकों की नियुक्ति करने में जुटी हैं वहीं दूसरी ओर चिकित्सक अस्पतालों से नदारद हैं। ऐसे चिकित्सकों व मेडिकल कार्मिकों को कतई भी बख्शा नहीं जायेगा और उनके खिलाफ ठोस कार्यवाई अमल में लाई जायेगी।