रविवार की रात कांवड़ियों द्वारा दुकान में किए गए हंगामे और तोड़फोड़ की सूचना मिली थी। पुलिस द्वारा इस मामले में हरियाणा के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Kanwariyas destroy shop while fighting at Har ki Pauri
हरिद्वार: उत्तराखंड में कांवड़ यात्रा के आरंभ होते ही कांवड़ियों के उत्पात मचाने की घटनाएं सामने आने लगी हैं। यहां हरकी पैड़ी क्षेत्र में शिव विश्राम गृह के निकट हरियाणा के कुछ कांवड़ियों का किसी मुद्दे पर विवाद हो गया, जिसके बाद कांवड़ियों ने वहां जमकर हंगामा किया और दुकान में भी जमकर तोड़फोड़ कर दी।
Kanwariyas destroy shop while fighting at Har ki Pauri
जानकारी के अनुसार बीते रविवार को देर रात हरकी पैड़ी क्षेत्र में शिव विश्राम गृह के पास एक दुकान में कांवड़ियों के आपस में किसी बात पर विवाद हो गया था। ये मामूली विवाद देखते ही देखते हाथापाई में बदल गया। कांवड़ियों ने गुस्से में आकर चश्मे की दुकान को पूरी तरह से तोड़ दिया। कावड़ियों की हरकत से दुकान को काफी नुकसान हुआ है, इस घटना का वीडियो भी सोशल मिडिया पर वायरल हो रहा है।
दो आरोपी गिरफ्तार
हरिद्वार हरकी पैड़ी चौकी इंचार्ज संजीत कंडारी के अनुसार, उन्हें रविवार की रात कांवड़ियों द्वारा दुकान में किए गए हंगामे और तोड़फोड़ की सूचना मिली थी। घटना की जानकारी मिलते ही पैड़ी चौकी पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस टीम ने मौके पर उत्पात मचा रहे कांवड़ियों को हिरासत में ले लिया। इस मामले में पुलिस ने दो कांवड़ियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, ये दोनों आरोपी हरियाणा के निवासी हैं।
मात्र चार दिनों में आ चुके कई मामले
गौरतलब है कि उत्तराखंड में कांवड़ मेला 11 जुलाई से प्रारंभ हुआ है, जिसके बाद से हरिद्वार के घाटों पर कावड़ियों की भीड़ लग गई है। कांवड़ मेला शुरू हुए आज चार ही दिन हुआ हैं, लेकिन अब तक कांवड़ियों के उत्पात की कई घटनाएँ सामने आ चुकी हैं। बीते दो दिन पहले में रुड़की में ही कुछ कांवड़ियों ने कांवड़ खंडित होने पर एक स्कॉर्पियो कार में तोड़फोड़ कर दी थी। इस मामले में पुलिस ने कई कांवड़ियों को गिरफ्तार किया था। कई कांवड़िये तो पहाड़ों में फटे साइलेंसर वाली बाइकों से आकर यहां के स्थानीय लोगों और पशु पक्षियों को आए दिन परेशान किया जाता है। कावड़ियों के नाम पर इन कुछ असामाजिक तत्वों के कारण वे लोग भी परेशानी झेलते हैं जो शांति पूर्वक अपनी कांवड़ यात्रा करते हैं।