पुलिस और SDRF की टीमों द्वारा लगभग 50 मीटर लंबी रस्सी का उपयोग करके रिवर क्रॉसिंग की व्यवस्था की गई। जिसके बाद बीमार महिला काली देवी को स्ट्रेचर और रस्सियों की मदद से नदी पार कराकर सुरक्षित रूप....
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Image: SDRF saved Woman by making 50 m rope bridge
पिथौरागढ़: उत्तराखंड के कई पर्वतीय क्षेत्रों की तरह धारचूला में भी भारी बारिश के कारण सड़कें बंद हो गई हैं। जिस कारण पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। सड़क ना होने के कारण कनार गांव की एक बीमार महिला को तारों पर बांधकर नदी पार कराकर अस्पताल पहुंचाया गया।
SDRF saved Woman by making 50 m rope bridge
दरअसल, बीते कई दिनों से लगातार हो रही भारी बारिश के कारण पिथौरागढ़ जिले के धारचूला के कनार गांव का संपर्क तहसील मुख्यालय से टूट गया है। जहां कनार और बरम जौलजीबी को जोड़ने वाला पुल बह गया है, जिस कारण ग्रामीणों के लिए नदी को पार करना मुश्किल हो गया है। बीते गुरूवार को जौलजीबी कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि कनार गांव की 61 वर्षीय काली देवी पत्नी दीवान सिंह काफी समय से बीमार हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाना आवश्यक है।
SDRF से मिली सहायता
हालांकि उससे पहले ग्राम प्रधान सरिता देवी और परिजनों ने प्रशासन से हेलीकॉप्टर की मांग की, लेकिन नहीं मिल सका। ग्रामीणों ने 10 किमी पैदल डोली के सहारे महिला को खेतीखान तक पहुंचाया, यहां बरसाती नाले पर पैदल पुल ध्वस्त था। सूचना मिलते ही पिथौरागढ़ पुलिस अधीक्षक रेखा यादव के निर्देश पर पुलिस और SDRF की टीम को तुरंत सहायता के लिए भेजा गया। जिसके बाद अपर उपनिरीक्षक सतेंद्र पाल सिंह के नेतृत्व में SDRF की टीम करीब 7 किमी पैदल चलकर घटनास्थल पर पहुंची।
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समय पर अस्पताल पहुंच गई महिला
Image: SDRF saved woman
पुलिस और SDRF की टीमों द्वारा कनार गांव की ओर से बरम की दिशा में लगभग 50 मीटर लंबी रस्सी का उपयोग करके रिवर क्रॉसिंग की व्यवस्था की गई। बीमार महिला काली देवी को स्ट्रेचर और रस्सियों की मदद से नदी पार कराकर सुरक्षित रूप से बरम तक लाया गया। जहां से परिजन बीमार महिला को लेकर पिथौरागढ़ अस्पताल गए। जिसके लिए कनार गांव की इस बीमार महिला के परिवार वालों और गांव वालों ने पुलिस और SDRF को धन्यवाद किया। वहीं बीमार महिला का अभी अस्पताल में इलाज चल रहा है।