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केदार हिमालय के ऐसे ट्रेक जहां रास्ता खुद आपको चुनता है
बुग्याल, हिमालयी वन और बर्फीली चोटियों का अद्भुत नज़ारा। आध्यात्म, रोमांच और एकांत का अनोखा संगम।
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पिथौरागढ़: पहाड़ की बेटी अपने मिशन को फतह करने निकल चुकी हैं। कुमाऊं मंडल के पिथौरागढ़ में एक छोटा सा गांव है सोन, ये गांव इन दिनों इसलिए सुर्खियों में बना हुआ है, क्योंकि यहां की बेटी मुस्कान ने हाल ही में व्यावसायिक विमान उड़ाने का लाइसेंस हासिल कर अपने सपनों को उड़ान दी है....वो सेना का हिस्सा बन देश की सेवा करना चाहती हैं। दारमा घाटी की रहने वाली मुस्कान, जिन्होंने अपनी उपलब्धि से पूरे क्षेत्र को मुस्कुराने का मौका दिया है। साल 2015 में उन्होंने 12वीं की परीक्षा पास करने के बाद इंदिरा गांधी राष्ट्रीय उड़ान एकेडमी रायबरेली से कॉमर्शियल पायलट लाइसेंस (सीपीएल) के लिए आवेदन किया। एकेडमी में ढाई वर्ष के प्रशिक्षण के बाद मुस्कान ने सीपीएल का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। अब ये पायलट बिटिया सेना में जाकर देश सेवा करना चाहती हैं। मुस्कान के पिता एसबीआई झारखंड में चीफ मैनेजर हैं, जबकि माता बसंती सोनाल गृहणी हैं। मुस्कान सीमांत जिले की पहली महिला पायलट हैं।