उत्तराखंड विधानसभा चुनाव से पहले लेटेस्ट सर्वे..AAP के रिजल्ट ने सभी को चौंकाया

एबीपी-सी वोटर का सर्वे बहुत कुछ कहता है, कुल मिलाकर ये सर्वे आम आदमी पार्टी के लिए भी पॉजिटिव सिग्नल की तरह है।
Advertisement केदार हिमालय के ऐसे ट्रेक जहां रास्ता खुद आपको चुनता है

बुग्याल, हिमालयी वन और बर्फीली चोटियों का अद्भुत नज़ारा। आध्यात्म, रोमांच और एकांत का अनोखा संगम।

Example Ads Media
Uttarakhand Assembly Elections: Uttarakhand assembly election latest survey
Image: Uttarakhand assembly election latest survey

देहरादून: पार्टियों ने कुर्सी की दौड़ के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। इस बीच एबीपी न्यूज़ सी वोटर का एक सर्वे सामने आया है। इस सर्वे का लब्ब-ओ-लुआब यह है कि अगर उत्तराखंड में इस वक्त विधानसभा चुनाव हुए, तो कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आती दिख रही है। इस सर्वे के हिसाब से कांग्रेस को 32 से 38 सीटें मिल सकती हैं। वहीं 2017 में 57 सीटें जीतकर सत्ता में आई बीजेपी को इस सर्वे में 24 से 30 सीटें मिलने का अनुमान है। यानी साफ तौर पर बीजेपी अपनी साख गंवाती नजर आ रही है। इस बीच जिस पार्टी ने सबसे ज्यादा चौंकाया है वह है आम आदमी पार्टी। आप जानते ही होंगे कि आम आदमी पार्टी उत्तराखंड में पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ने जा रही है। आम आदमी पार्टी पहले ही ऐलान कर चुकी है कि वो उत्तराखंड में 70 की 70 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। आगे जानिए सर्वे की खास बातें

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड चुनाव 2022: लेटेस्ट सर्वे के रिजल्ट ने चौंकाया..जानिए किसका है पल़ड़ा भारी
अब जब एबीपी न्यूज़ सी वोटर ने अपना सर्वे किया तो उसमें आम आदमी पार्टी को दो से 8 सीटें मिलने का अनुमान है। उत्तराखंड में पहली बार चुनावी हुंकार भर रही आम आदमी पार्टी इस वक्त जोर शोर से अपने प्रचार में लगी है। बीजेपी और कांग्रेस को निशाना बनाकर आम आदमी पार्टी तीसरा विकल्प बनने की तैयारी कर रही है। एबीपी न्यूज़ सी वोटर का सर्वे कहता है कि इस वक्त अगर उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव हुए तो आम आदमी पार्टी दो से 8 सीट जीत सकती है। माना जा रहा है कि शहरी इलाकों में आम आदमी पार्टी कमाल कर सकती है। पहाड़ी इलाकों की बात करें तो पौड़ी गढ़वाल और अल्मोड़ा से कुछ सीटें आम आदमी पार्टी ले सकती है। उधर खबर यह भी आ गई है कि कर्नल अजय कोठियाल आम आदमी पार्टी के सीएम कैंडिडेट घोषित हो सकते हैं। खैर आगे क्या होगा यह तो आने वाला वक्त ही तय करेगा लेकिन इतना जरूर है कि शुरुआती सर्वे आम आदमी पार्टी के लिए एक पॉजिटिव सिग्नल की तरह है।