उत्तराखंड: वेडिंग डेस्टिनेशन बनेगा मां धारी देवी मंदिर, कई देसी-विदेशी जोड़े बंध चुके हैं बंधन में

मंदिर समिति मां धारी के परिसर में विवाह समारोह के आयोजन हेतु एक हॉल का निर्माण करने जा रहा है। जल्द ही मंदिर के प्रांगण में लोग माँ धारी देवी का आशीर्वाद लेकर शादी के बंधन में बंधेंगे।
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Maa Dhari Devi Temple: Maa Dhari Devi Will Soon Become A Wedding Destination
Image: Maa Dhari Devi Will Soon Become A Wedding Destination

श्रीनगर गढ़वाल: प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां धारी देवी मंदिर को अब वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने की तैयारी मंदिर समिति द्वारा शुरू की जा रही है। इससे पहले भी यहाँ पर कई देसी-विदेशी जोड़े शादी के बंधन में बंध चुके हैं। यही कारण है कि माँ धारी को एक भव्य वेडिंग डेस्टिनेशन रूप दिया जा रहा है।

Maa Dhari Devi Will Soon Become A Wedding Destination

अलकनंदा नदी के तट पर बसे देवी काली को समर्पित धारी देवी मंदिर प्रसिद्ध सिद्धपीठों में से एक है। माना जाता है कि मूल मंदिर में मां धारी की प्रतिमा द्वापर युग में स्थापित की गई थी। इस मंदिर के बारे में मान्यता है कि यहां मौजूद मां धारी उत्तराखंड के चारधाम की रक्षा करती हैं। यहाँ वर्षभर श्रद्धालु अपनी मनोकामना लेकर माँ का आशीर्वाद लेने पहुँचते हैं। मंदिर समिति अब मंदिर के परिसर में एक हॉल बनाने जा रही है जिसमें हिंदू रीति रिवाज से विवाह समारोह संपन्न होंगे। विवाह की अन्य व्यवस्था भी मंदिर समिति ही करेगी जैसे:- भोजन की व्यवस्था, ठहरने की व्यवस्था, विवाह के लिए पूजा सामग्री और अन्य आवश्यक वस्तुएं। मंदिर के वेडिंग डेस्टिनेशन के तौर पर विकसित होने के बाद छोटे व्यापारियों को भी फायदा मिलेगा।

जापान और चीन के लोग कर चुके हैं यहाँ शादी

धारी देवी मंदिर के मुख्य पुजारी लक्ष्मी प्रसाद पांडे ने जानकारी दी कि मंदिर को डेस्टिनेशन वेडिंग के रूप में विकसित करने की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। एक हॉल बनाया जा रहा है जहाँ विवाह संपन्न होगा साथ में यहीं पर पानी-भोजन की व्यवस्था भी कराई जाएगी। उन्होंने ये भी बताया कि उनके पास अभी से शादी के रजिस्ट्रेशन आना शुरू हो चुके हैं। वर्ष 2013 में जापान से आई एक महिला ने यहाँ पर साधू से विवाह रचाया था और फिर चीन की एक महिला ने गढ़वाल के लड़के से भी यहीं पर माँ धारी देवी का आशीर्वाद लेकर शादी की थी। इस तरह कई जोड़े यहाँ पर शादी कर चुके हैं।