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Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
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पौड़ी गढ़वाल: पौड़ी गढ़वाल के ग्रामीण क्षेत्रों में गुलदार का आतंक बरकरार है। गुलदार लोगों पर हमला कर उन्हें अपना निवाला बना रहे हैं।
शनिवार को धुमाकोट क्षेत्र में एक बुजुर्ग को गुलदार ने अपना निवाला बना लिया। बुजुर्ग घर के पास लकड़ी लेने गए थे, तभी गुलदार उन पर झपट पड़ा और उन्हें मार डाला। घटना में जान गंवाने वाले बुजुर्ग शिक्षा विभाग के रिटायर्ड कर्मचारी थे। वह घर में अकेले ही रहते थे। कार्बेट पार्क से सटे गांवों में भी गुलदार-बाघ के हमले की घटनाएं हो रही हैं। रविवार को लोगों ने बाघ के आतंक से निजात दिलाने की मांग को लेकर वन विभाग कार्यालय में जमकर प्रदर्शन किया। पहले धुमाकोट में हुई घटना की बात करते हैं। शनिवार को 75 साल के रणबीर सिंह नेगी निवासी भैड़ गांव लकड़ियां लेने के लिए घर के पास गए हुए थे। वो शिक्षा विभाग से रिटायर हो चुके थे और घर में अकेले ही रहते थे। उनका परिवार देहरादून में रहता है। लकड़ियां बीनने के दौरान गुलदार ने उन पर हमला कर दिया।
बुजुर्ग की मौत के बारे में लोगों को तब पता चला, जब शव से दुर्गंध उठने लगी। परिजनों को घटना की जानकारी दे दी गई है। डीएफओ ने बताया कि क्षेत्र में वन विभाग की टीमें तैनात की गई हैं, जरूरत पड़ी तो पिंजरे भी लगाए जाएंगे। बता दें कि बीते चार दिनों में गढ़वाल वन प्रभाग के अंतर्गत गुलदार के हमले की यह दूसरी घटना है। इससे पहले गुलदार ने कॉर्बेट नेशनल पार्क क्षेत्र से सटे गांव में रहने वाले एक व्यक्ति को मार दिया था। अब गुलदार ने 30 किलोमीटर दूर दूसरा हमला किया है। रविवार को ग्रामीणों ने गुलदार के आतंक के खात्मे की मांग को लेकर वन विभाग के दफ्तर में प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने सीएम को 4 सूत्रीय मांगपत्र भेजा है। जिसमें गुलदार को आदमखोर घोषित करते हुए क्षेत्र में शिकारी तैनात करने की मांग की गई है।